• ~ Mark Twain

    ~ Mark Twain

    "Loyalty to country ALWAYS. Loyalty to government, when it deserves it."
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    हरियाणा सरकार के वित्त मंत्री को योगेन्द्र यादव की चिट्ठी

    24 मार्च 2014
    श्री अभिमन्यु जी,
    वित्त मंत्री, हरियाणा सरकार

    विषय : हरियाणा में भूमि अधिग्रहण का मुआवजा आधा किये जाने सम्बन्धी आपका बयान:

    श्रीमान जी,

    मैं कल के बयान पर आपको धन्यवाद देना चाहता हूँ। इस बयान में आपने कहा है कि हरियाणा में अधिग्रहण की जमीन का मुआवजा आधा करने का फैसला कांग्रेस सरकार ले चुकी थी, जो तब गलती से नोटिफाई नहीं हुआ था। भाजपा सरकार ने तो बस अधिसूचना जारी कर दी | आपने यह भी पूछा कि मैं (योगेन्द्र यादव) इन तथ्यों को कैसे नजरअंदाज कर सकता हूँ |

    सबसे पहले तो मैं आपका धन्यवाद करता हूँ कि एक महीना से लगातार 4 दिसंबर 2014 के नोटिफिकेशन पर सवाल उठाने के बाद (जिसमें मुख्यमंत्री को भेजा गया मेरा 19 फरवरी का पत्र भी शामिल है) आपने कम से कम जवाब तो दिया | धन्यवाद इसलिए भी की आप पहले जिम्मेदार पदाधिकारी हैं जिसने इस सच को स्वीकार किया कि हरियाणा में अधिग्रहण का मुआवजा चार गुना से आधा करके दोगुना हो चुका है। आपने हरियाणा मंत्रिमंडल का एक गोपनीय दस्तावेज (जिसकी हमें जानकारी नहीं थी) जारी कर यह बताया कि मुआवजा आधा करने का फैसला कांग्रेस के राज में शुरू हुआ था। किसानों के नाम पर घडियाली आंसू बहाती कांग्रेस का असली चेहरा हरियाणा की जनता के सामने रखने के लिए भी धन्यवाद।

    वित्त मंत्री जी, इस अपराध में कॉंग्रेस भी शामिल थी, इससे आपकी सरकार अपराध मुक्त नहीं हो जाती। आपकी सरकार 4 दिसंबर 2014 को अधिसूचना जारी कर अधिग्रहण वाली जमीन का मुआवजा आधा किये जाने के पाप से मुक्त नहीं हो गई है| किसानो के खिलाफ फाइलों में साजिश कांग्रेस सरकार ने शुरू की, लेकिन चोट देने का काम तो आपकी सरकार किया।

    सच यह है कि जिस दिन आपकी सरकार बनी उस दिन मुआवजे का फैक्टर क्या हो इसका कोई नियम या ड्राफ्ट भी नहीं था। पिछली सरकार ने ड्राफ्ट नियम बनाये थे, जिसे आपने ज्यों का त्यों लागो कर दिया लेकिन उनमे मुआवजे के फैक्टर का जिक्र भी नहीं था। आपका दावा है की ऐसा छपाई की भूल कारण हुआ। अगर ऐसा भी था तो आपकी सरकार ने “भूल सुधार” नहीं किया। इस बाबत पहली बार 27 नवम्बर 2014 को आपकी सरकार ने “शेड्यूल एक” के तहत ड्राफ्ट नियम की अधिसूचना जारी की। इन ड्राफ्ट नियमों पर एतराज दर्ज करने के लिए एक सप्ताह का समय दिया गया। जो एतराज आये उन्हें ख़ारिज करते हुए 4 दिसंबर 2014 को नए नियम का नोटिफिकेशन जारी कर लागू कर दिया जिससे पूरे हरियाणा के ग्रामीण क्षेत्र में जमीन अधिग्रहण पर मिलने वाला मुआवजा आधा कर दिया गया।

    वित्त मंत्री जी हरियाणा जी की जनता की और से मेरे आप से कुछ सवाल हैं :
    किसान का मुआवजा आधा छीनने का षड़यंत्र सबसे पहले कांग्रेस ने बनाया। लेकिन वो अपनी सरकार रहते इसे लागू नहीं कर पाई। आपकी सरकार के पास पूरी छूट थी की आप फैक्टर एक से दो के बीच में कुछ भी लागू कर सकते थे। आपने अपने अधिकार का इस्तेमाल करते हुए फैक्टर एक वाली कोंग्रेसी योजना को लागू किया। आपकी सरकार ने ड्राफ्ट बनाया, आपने आपत्तियों को ख़ारिज किया और आपने ही इस किसान विरोधी नियम को लागू किया। अब आप इसे कांग्रेस का काम बताकर पल्ला कैसे झाड़ सकते हो?
    अगर यह मामला छपाई की भूल का था तो आपने भूल सुधार की सामान्य प्रक्रिया का पालन क्यों नहीं किया? नियमों में संशोधन कर आपत्तियां आमंत्रित क्यों की?
    क्या भाजपा सरकार बनने पर 27 नवम्बर को जारी ड्राफ्ट नियम सरकार की सहमती के बिना जारी कर दिए गए? यदि ऐसा किसी अधिकारी ने किया तो उसके खिलाफ क्या कार्रवाई की गई?
    आपकी सरकार ने 27 नवम्बर 2014 के ड्राफ्ट नियम पर दायर किये गए एतराज को क्यूं नहीं सुना गया? यदि कांग्रेस सरकार ने “फेक्टर एक” लागू करने के कागज़ तैयार किये व आपकी सहमती नहीं थी, तो आपने 4 दिसंबर 2014 को उन्हीं नियमों को अंतिम रूप क्यों दिया ?
    जब आप स्वीकार कर रहे हैं कि ‘ग्रामीण क्षेत्र में फेक्टर एक’ लागू करना किसानों के साथ अन्याय है, तो आप इस 4 दिसंबर 2014 के नियम को वापिस लेने में देरी क्यों हो रही है ? क्या आप हरियाण की जनता को आश्वस्त करेंगें कि इस नियम के अनुसार जमीन अधिग्रहण का कोई अवार्ड नहीं करेंगे?

    आम आदमी पार्टी, हरियाणा अपने “जय किसान अभियान” के तहत सकल्प व्यक्त कर चुकी है कि 4 दिसंबर 2014 के अन्याय पूर्ण नियम के तहत हरियाणा भर में कहीं भी एक एकड़ जमीन भी अधिग्रहण नहीं करने दी जायेगी | हम आपको चेतावनी देते है कि अगर आपने 4 दिसंबर 2014 के इस अन्याय पूर्ण नियम के तहत जमीन अधिग्रहण की चेष्टा की तो हम ऐसे अधिग्रहण को रोकने की हर लोकतान्त्रिक तरीके से हर संभव कोशिश करेंगें |

    मैं आपसे अनुरोध करता हूँ कि आप तुरंत प्रभाव से 4 दिसंबर के नियमो को बदलकर “फैक्टर एक” की बजाय पूरे ग्रामीण हरियाणा में “फैक्टर दो” (यानी चौगुना मुआवजा) लागू करें।

    भवदीय
    योगेन्द्र यादव
    प्रभारी, हरियाणा राज्य आम आदमी पार्टी

    • Rakesh Rathore

      What Congress drafted the BJP implemented……..The government changed but intentions……..let’s see…..b’coz when people like Mr. Yogendra Yadav are there they need to think twice.